अवैध प्लॉटिंग की खबर जुटाने वाले पत्रकारों को धमकी!
सौंसर में पत्रकारों को डराने का आरोप, पुलिस से सुरक्षा और कड़ी कार्रवाई की मांग
रिपोर्टर — राजेश चौधरी| NCIB NEWS
सौंसर (पांढुर्णा)। सौंसर क्षेत्र में कथित अवैध प्लॉटिंग से जुड़ी जानकारी जुटाने और समाचार प्रकाशित करने वाले पत्रकारों को धमकाए जाने का मामला सामने आया है। तीन स्थानीय पत्रकारों ने आरोप लगाया है कि उन्हें फोन और मौखिक रूप से डराने-धमकाने के साथ गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई। मामले ने पत्रकारों की सुरक्षा और क्षेत्र की कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, 22 अगस्त 2026 को दोपहर करीब 12:03 बजे आकाश ठवरे नामक व्यक्ति ने ‘मिराज भारत (DA News)’ के पत्रकार ओम सिंह ठाकुर को फोन किया। पत्रकार के अनुसार, बातचीत के दौरान अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए कथित रूप से कहा गया कि प्लॉटिंग के खिलाफ खबर प्रकाशित करने पर अच्छा नहीं होगा और “दूसरे रास्ते” अपनाने की बात कही गई।
पत्रकारों के मुताबिक, रिंटू खान (दैनिक आम सभा) को लेकर भी कथित तौर पर धमकी भरी बात कही गई। वहीं राजू शिंदे द्वारा जाम के पास चल रही प्लॉटिंग से संबंधित जानकारी तहसील स्तर से जुटाए जाने के दौरान उन्हें भी मौखिक रूप से धमकाने का आरोप है।
‘गिरिराज बिल्डर’ से संबंध का दावा
पत्रकारों का कहना है कि धमकी देने वाले व्यक्ति का संबंध ‘गिरिराज बिल्डर’ से बताया जा रहा है। क्षेत्र में संबंधित प्लॉटिंग को लेकर पूर्व में भी चर्चाएं और शिकायतें सामने आने की बात कही जा रही है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र एवं आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है।
पत्रकारों ने पुलिस से लगाई सुरक्षा की गुहार
पत्रकारों का कहना है कि यदि अवैध गतिविधियों अथवा अनियमितताओं की जानकारी जुटाने वाले पत्रकारों को धमकाया जाएगा, तो यह केवल पत्रकारों के लिए नहीं बल्कि आम जनता के सूचना के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए भी गंभीर चिंता का विषय है।
पत्रकारों ने पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच, धमकी की पुष्टि होने पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई तथा पत्रकारों को सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है।
पुलिस कार्रवाई पर टिकी नजर
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि शिकायत के आधार पर पुलिस प्रशासन मामले की जांच किस दिशा में आगे बढ़ाता है और यदि धमकी के आरोप प्रमाणित होते हैं तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।
NCIB NEWS का स्पष्ट मत है कि पत्रकारिता का उद्देश्य किसी व्यक्ति को निशाना बनाना नहीं, बल्कि तथ्यों को सामने लाना है। किसी भी शिकायत या आरोप की अंतिम पुष्टि संबंधित जांच और आधिकारिक दस्तावेजों के आधार पर ही मानी जाएगी।