विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन सांदीपनि विद्यालय सौसर में तहसील विधिक सेवा समिति की ओर से किया गया । कार्यक्रम के मुख्य प्रवक्ता व्यवहार न्यायाधीश श्री सचिन जैन ने कक्षा 10वीं एवं 12वीं के विद्यार्थियों को अपने वक्तव्य में संबोधित करते हुए कहां कि न्याय पाना सबके लिए आसान हो एवं आपराधिक श्रेणी में आने वाले कार्यों की जानकारी सभी को ज्ञात होनी चाहिए। न्यायाधीश श्री जैन सर ने बताया कि घरेलू हिंसा को सहन नहीं करना चाहिए एवं घरेलू हिंसा के अंतर्गत आने वाले मामलों की जानकारी की सभी को होनी चाहिए, वृद्ध माता पिता की देखभाल करना एवं उनकी जिम्मेदारियां को वहन करना आवश्यक है अन्यथा यह भी गैरकानूनी अपराध के अंतर्गत आता है। वाहन चलाते समय लाइसेंस, दुपहिया वाहन में हेलमेट ,चौपहिया वाहन में सीट बेल्ट ,आदि के नियमों का पालन करना अनिवार्य है ,बाल विवाह गैरकानूनी है , विद्यार्थियों को संवैधानिक अधिकार एवं कर्तव्य की भी जानकारी दी गई ।आर्थिक रूप से कमजोर एवं गरीब लोगों के लिए सरकारी वकील की सुविधा सरकार द्वारा मुहैया करवाई जाती है,समाज का कोई भी वर्ग कानून से वंचित एवं अपरिचित नहीं रहना चाहिए । विद्यार्थियों ने भी अपनी ओर से कानून से संबंधित जानकारी प्रश्नों के माध्यम से पूछी ।जिनका समाधान न्यायाधीश महोदय के द्वारा किया गया ।इस अवसर पर प्राचार्य शैलजा बत्रा ने भी अपने विचार रखे एवं न्यायाधीश महोदय का आभार व्यक्त किया ।